मध्य प्रदेश में चार मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बादल छाए हुए हैं और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो रही है। गुरुवार को भी बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि शुक्रवार से मौसम साफ होने की उम्मीद है और तापमान में बढ़ोतरी होने लगेगी। हाल ही में विभिन्न स्थानों पर चार मौसम प्रणालियों [...]
Published: Thursday, 3 April 2025 at 03:28 am | Modified: Friday, 4 April 2025 at 01:50 am | By: Kapil Sharma | 📂 Category: शहर और राज्य
मध्य प्रदेश में चार मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बादल छाए हुए हैं और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो रही है। गुरुवार को भी बारिश की संभावना जताई गई है, जबकि शुक्रवार से मौसम साफ होने की उम्मीद है और तापमान में बढ़ोतरी होने लगेगी।
हाल ही में विभिन्न स्थानों पर चार मौसम प्रणालियों के प्रभाव के कारण प्रदेश में बादल छाए हुए हैं। गरज-चमक के साथ कुछ स्थानों पर बारिश भी हो रही है। पिछले 24 घंटों में बुधवार सुबह साढ़े 8 बजे तक सौंसर में 11 मिलीमीटर, तामिया में 3 मिलीमीटर, छिंदवाड़ा में 2 मिलीमीटर, सिवनी में 1.6 मिलीमीटर, चांद में 1.2 मिलीमीटर और अन्य स्थानों पर भी हल्की बारिश हुई है।
प्रदेश के नरसिंहपुर में रात का सबसे कम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं पचमढ़ी में रात का तापमान 18.8 डिग्री सेल्सियस रहा। नरसिंहपुर में दिन का अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मौसम विज्ञानियों के अनुसार गुरुवार को भी तेज हवा चलने और गरज-चमक के साथ कई स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना है। कुछ क्षेत्रों में ओले गिरने की भी आशंका है। शुक्रवार से मौसम साफ होने पर एक बार फिर अधिकतम तापमान में वृद्धि होने लगेगी।
मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक पीके रायकवार ने बताया कि वर्तमान में पाकिस्तान के आसपास एक पश्चिमी विक्षोभ बना हुआ है। दक्षिण-पश्चिमी मध्य प्रदेश में हवा के ऊपरी भाग में एक चक्रवात भी सक्रिय है। इसके अलावा, दक्षिणी छत्तीसगढ़ के आसपास भी एक चक्रवात है।
मौसम विशेषज्ञ अजय शुक्ला ने कहा कि गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज हवाएं चलने के साथ हल्की बारिश हो सकती है। शुक्रवार से मौसम साफ होने के बाद धूप में तल्खी बढ़ने की संभावना है।
सिवनी में किसान बारिश से परेशान हैं। सोमवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री था, जो बुधवार को गिरकर 28 डिग्री पर आ गया। न्यूनतम तापमान में 3 डिग्री की वृद्धि देखी गई है। बुधवार को दोपहर में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया और झमाझम बारिश हुई।
इस बारिश से खेतों में लगे गेहूं, चना और मक्का की फसलों को नुकसान होने की संभावना से किसान चिंतित हैं। कई किसानों के खेतों में गेहूं की फसल कटने के कगार पर है। हाल के दिनों में लोगों को तेज गर्मी का अनुभव हो रहा था, लेकिन मौसम के इस बदलाव से स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ सकता है।